धर्म
Eid Ul-Fitr 2023 namaz timing : जानिए आपके शहर में क्या है ईद की नमाज का टाइम?

Eid Ul-Fitr 2023 namaz timing in india: ईद का पर्व अपने साथ बहुत सारी खुशियां लेकर आता है। पूरी दुनिया में यह पर्व बहुत ही भव्यता के साथ मनाया जाता है। आपको बता दें कि इस पर्व के साथ रमजान के महीने का अंत हो जाता है। इस महीने में इस्लाम धर्म को मानने वाले लोग कठिन रोजा रखते हैं, जिसमें सूर्योदय से लेकर सूर्यास्त तक वो कुछ भी खाते-पीते नहीं हैं। इस दौरान वो हर तरह के अमोद-प्रमोद से दूर रहते हैं और आत्मसंयमित होकर खुदा की इबादत करते हैं। भारत में ईद शनिवार को मनाई जाएगी।
ईद के दिन घर में उत्सव सा माहौल रहता है। लोगों के घरों में कई तरह पकवान जैसे बिरयानी, कबाब और सेवईयां बनती हैं। लोग नए कपड़े पहनते हैं और नमाज अदा करते हैं और अपनों के साथ धूम-धाम से त्योहार मनाते हैं। बच्चे परिवार के बड़ों से उपहार और पॉकेट मनी प्राप्त करते हैं, जिसे 'ईदी' के नाम से जाना जाता है।
सेलिब्रेट करने का तरीका अलग-अलग
हर किसी का ईद को सेलिब्रेट करने का तरीका अलग-अलग होता है लेकिन हर जगह एक चीज कॉमन है और वो है नमाज, जी हां हर किसी की ईद की शुरुआत ईद की नमाज से ही होती है। हर शहर में ईद की नमाज का वक्त अलग-अलग तय किया गया है।
यहां हम आपको बताते हैं कि किस शहर में कितने बजे अदा की जाएगी ईद की नमाज।
कोलकाता: ईद-उल-फितर की नमाज का समय 22 अप्रैल को सुबह 5:31 AM
मुंबई: ईद-उल-फितर की नमाज का समय 22 अप्रैल को सुबह 5:37 AM
वाराणसी: ईद-उल-फितर की नमाज का समय 22 अप्रैल को सुबह 5:38 AM
लखनऊ: ईद-उल-फितर की नमाज का समय 22 अप्रैल को सुबह 5:56 AM
पटना: ईद-उल-फितर की नमाज का समय 22 अप्रैल को सुबह 5:41 AM
दिल्ली: ईद-उल-फितर की नमाज का समय 22 अप्रैल को सुबह 6:09 AM
हैदराबाद: ईद-उल-फितर के लिए नमाज़ का समय 22 अप्रैल को सुबह 6:16 AM
बेंगलुरु: ईद-उल-फितर की नमाज का समय 22 अप्रैल को सुबह 6:24 AM
कोच्चि: ईद-उल-फितर की नमाज का समय 22 अप्रैल को सुबह 6:32 AM
अमृतसर: ईद-उल-फितर की नमाज का समय 22 अप्रैल को सुबह 6:15 AM
https://khaberhindi.com/eid-ul-fitr-best-buses-eid-day-extra-trip-check-route/
KEEP READING
आगे क्या पढ़ें
01Kashi Dhanteras: अन्नपूर्णा मंदिर पहुंचे श्रद्धालुओं के सैलाब में सिक्का-लावा-खजाना पाने की आस, दो नवंबर तक स्वर्ण प्रतिमा के दर्शन; जानिए पौराणिक कहानी
02बुद्धिमान वही जो इहलोक में रहते अपना परलोक भी सुधार ले- शङ्कराचार्य अविमुक्तेश्वरानन्दः सरस्वती
03Sanskriti Sansad Varanasi में तीन दिनों तक मंथन करेंगे 127 संप्रदायों के साधु संत, महिलाओं के साथ युवाओं पर भी फोकस
04Navratri 2023 के पांचवें दिन मां स्कंदमाता की उपासना, जानिए पूजा-विधि, प्रसाद और आरती
05Sanskriti Sansad Varanasi का वैदिक मंत्रोच्चार के साथ शुभारंभ, हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल समेत धर्म जगत के बड़े आचार्य रहे मौजूद
06