देश
लॉरेंस बिश्नोई कौन है? कॉलेज स्टूडेंट आखिर कैसे बना इतना बड़ा गैंगस्टर ?

मूसेवाला की हत्या की जिम्मेदारी अपने ऊपर लेने वाला और सलमान खान को जान की धमकी देने वाला लॉरेंस बिश्नोई का नाम आज हर जगह है. लोगों के मन कहीं न कहीं ये सवाल जरूर होगा कि आखिर ये है कौन, कहां से है, इन दिनों हर किसी के जुबान पर ये नाम सुनने को मिलता है. सब इसके बारे में जानना चाहते है. चलिए आज हम आपको लॉरेंस बिश्नोई के बारे में बताने जा रहें कि आखिर ये है कौन? कैसे वे इतना बड़ा गैंगस्टर बना?
सेलिब्रिटी नहीं बल्की गैंगस्टर हैं लॉरेंस बिश्नोई!
लॉरेंस बिश्नोई कोई सेलिब्रिटी नहीं बल्की पंजाब का एक खतरनाक गैंगस्टर है. ये अपनी आपराधिक गतिविधियों के लिए जाना जाता है और कई बार जेल भी जा चुका है. लॉरेंस बिश्नोई का जन्म 22 फरवरी 1992 में पंजाब के फजिल्का में हुआ. यह बिश्नोई जाती से सम्बंध रखता है. लॉरेंस के पिता एक पुलिस कांस्टेबल थे और इनकी माता गृहिणी थी. आपको बता दें की लॉरेंस एक अच्छे-खासे परिवार से ताल्लुक रखते हैं.
चंडीगढ़ के डीएवी कॉलेज से लड़ा था चुनाव...
लॉरेंस बिश्नोई अपने भाई-बहनों के साथ सरकारी स्कूल में पढ़ता था. इसके बाद लॉरेंस ने चंडीगढ़ के डीएवी कॉलेज में दाखिला लिया. लॉरेंस दिखने-पढ़ने और खेलने में भी अच्छा था. दोस्तों ने लॉरेंस को चुनाव लड़ने के लिए प्रेरित किया. इसके बाद लॉरेंस ने चंडीगढ़ के डीएवी कॉलेज के चुनाव में भी हिस्सा लिया, जिसमें उसे कड़ी हार का सामना करना पडा था.
https://khaberhindi.com/arms-act-lawrence-bishnoi-on-police-remand-for-4-days/
उसे अपनी ये हार बर्दाशत नहीं हुई, लॉरेंस ने बदला लेने के लिए इसके चलते विपक्षी पार्टी से लड़ाई लड़ी और उन पर फयरिंग शुरू कर दी. इस वारदात ने लॉरेंस की जिंदगी को पूरी तरह से बदल दिया. इसी कारण उस दिन लॉरेंस के खिलाफ पहली बार पुलिस ने मामला दर्ज किया गया था.
इसके बाद ही लॉरेंस गलत रास्ते पर चलने लगा. उसने कई बड़े गैंगस्टर से हाथ मिला लिया. देखते ही देखते वह देश का जाना-माना गैंगस्टर बन गया. इसके बाद लॉरेंस ने कई अपराधों को अंजाम दिया. लॉरेंस बिश्नोई पर हथियार सप्लाई व फायरिंग समेत कई मामले दर्ज है.
KEEP READING
आगे क्या पढ़ें
01Anil Bishnoi: काशी की गलियों से निकला युवा पूर्वोत्तर की वादियों में निखारेगा हुनर, BHU से पढ़ाई के बाद अब सिल्वर स्क्रीन पर दिखेगा कमाल
02कुमार के लाल ने किया कमाल, राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में मिला प्रथम स्थान
03शङ्कराचार्य अविमुक्तेश्वरानन्दः सरस्वती बोले- पार्टियों को वोट देकर गोहत्या का पाप न लें हिन्दू
04Varanasi, आठ ज्योतिर्लिंगों के पैदल दर्शन कर काशी पहुंचा कर्नाटक निवासी पूर्णानंद, स्वागत
05Varanasi, 36वीं वाहिनी पीएसी का 52वॉ संस्थापना दिवस मनाया गया
06